ग्वालियर के 1361 नए कर्मचारियों को मिलेगा तोहफा, खातों में ट्रांसफर होंगे 71 लाख से अधिक
इस योजना का लाभ तो केवल उन संस्थाओं के कर्मचारियों को मिलेगा, जिनका रजिस्ट्रेशन इस योजना में होगा और वे कर्मचारी पात्र होंगे जो पहली बार नौकरी पर आएंग...और पढ़ें
Publish Date: Fri, 19 Jun 2026 11:09:57 AM (IST)Updated Date: Fri, 19 Jun 2026 11:12:41 AM (IST)
सोशल मीडियाHighLights
- पीएम विकसित भारत रोजगार योजना
- युवाओं के लिए 2400 करोड़ जारी करेंगे पीएम
- पहली नौकरी वालों को विशेष भत्ता
नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। पिछले साल एक अगस्त से शुरू हुई प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना के तहत रजिस्ट्रर्ड होने वाली संस्थाओं के नए कर्मचारियों के खाते में 2400 करोड़ रुपये की विशेष भत्ते की राशि खाते में 19 जून को भेजी जाएगी। राशि को दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ट्रांसफर करेंगे। इन कर्मचारियों में जिले के 1361 ऐसे कर्मचारी हैं, जिन्हें पहली नौकरी होने की वजह से उनके खातों में 71 लाख से अधिक की राशि पहुंचेंगी। यह जानकारी भविष्य निधि संगठन के स्थानीय आयुक्त सत्यवर्धन गौतम में पत्रकार वार्ता में दी।
आयुक्त गौतम ने बताया कि इस कार्यक्रम को देखते हुए कृषि विश्वविद्यालय के सभागार में कार्यक्रम का भी आयोजन किया गया है। जिसमें विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर, सांसद भारत सिंह कुशवाह सहित कई लोग व नए कर्मचारी मौजूद रहेंगे। दिल्ली में आयोजित होने वाले कार्यक्रम में ग्वालियर क्षेत्र से भी कुछ कर्मचारियों को बुलाया गया है।
ईपीएफओ में 15000 से अधिक संस्थाएं पंजीकृत, नियमित केवल 3600
आयुक्त सत्य वर्धन गौतम के मुताबिक इस योजना का लाभ तो केवल उन संस्थाओं के कर्मचारियों को मिलेगा, जिनका रजिस्ट्रेशन इस योजना में होगा और वे कर्मचारी पात्र होंगे जो पहली बार नौकरी पर आएंगे। हालांकि कार्यालय के अधीन आने वाले जिलों की 15000 हजार संस्थाएं ईपीएफओ में पंजीकृत हैं। लेकिन इनमें से महज 3600 ही ऐसी हैं, जो नियमित तौर पर अपने कर्मचारियों के पीएफ का हिस्सा नियमित तौर पर जमा कर रही हैं।
क्या है योजना
आयुक्त गौतम ने बताया कि प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना केंद्र सरकार द्वारा देश के युवाओं को रोजगार के नए अवसर देने और उनकी व्यावसायिक क्षमताओं को बढ़ाने के लिए शुरू की गई। इसके तहत युवाओं को आधुनिक और तकनीकी क्षेत्रों में व्यावसायिक प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
इस योजना के तहत सरकार उन कंपनियों और नियोक्ताओं को प्रोत्साहित करती है जो नए युवाओं को नौकरी पर रखते हैं। नए कर्मचारियों के भविष्य निधि का एक निश्चित हिस्सा सरकार खुद वहन करती है, जिससे कंपनियों पर आर्थिक बोझ कम होता है और वे ज्यादा से ज्यादा युवाओं को रोजगार देती हैं।