
नईदुनिया प्रतिनिधि, रायपुर। राजधानी के पंडरी स्थित कल्याण ज्वेलर्स में डकैती की साजिश को रायपुर पुलिस ने समय रहते विफल कर दिया। गुढ़ियारी थाना पुलिस ने दिल्ली के देवांश शर्मा (19), सुशांत कुमार पासवान (19) और बिहार के मयंक सिंह (19) को गिरफ्तार किया है। मयंक मुख्य आरोपित है। तीनों के कब्जे से एक देशी पिस्टल, दो जिंदा कारतूस, दो चाकू, तीन मोबाइल फोन और 2500 रुपये नकद जब्त किए गए हैं। पूछताछ में आरोपितों ने राजफाश किया कि वे कल्याण ज्वेलर्स में रात के समय डकैती डालने की तैयारी कर रहे थे। मामले में शामिल दो अन्य आरोपित अभी फरार हैं। इसमें एक मास्टर माइंड है।
पुलिस के अनुसार, पुलिस आयुक्त डा. संजीव शुक्ला के निर्देश पर शहर में संदिग्ध व्यक्तियों और असामाजिक तत्वों के खिलाफ लगातार प्रोएक्टिव पुलिसिंग अभियान चलाया जा रहा है। इसी दौरान गुढ़ियारी थाना पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर-7 के पीछे नए रोड के पास कुछ युवक हथियारों के साथ संदिग्ध अवस्था में मौजूद हैं और किसी वारदात की योजना बना रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर घेराबंदी कर तीनों आरोपियों को पकड़ लिया।
तलाशी के दौरान आरोपितों के पास से एक देशी पिस्टल, दो जिंदा कारतूस, दो धारदार चाकू, तीन मोबाइल फोन और नकदी बरामद हुई। थाने लाकर पूछताछ करने पर आरोपितों ने स्वीकार किया कि उनका लक्ष्य पंडरी स्थित कल्याण ज्वेलर्स था। उन्होंने बताया कि वारदात को अंजाम देने से पहले पूरी तैयारी की गई थी।
जांच में सामने आया कि एक अप्रैल 2026 को गिरोह के एक सदस्य ने कल्याण ज्वेलर्स की रेकी की थी। इस दौरान दुकान की सुरक्षा व्यवस्था, कर्मचारियों की गतिविधियां, आसपास के रास्ते, पुलिस की गश्त और वारदात के बाद भागने के संभावित मार्गों का भी अध्ययन किया गया था। रेकी के दौरान ली गई तस्वीरें और अन्य जानकारियां मोबाइल के माध्यम से फरार आरोपितों को भेजी गई थीं।
सभी आरोपित लगातार संपर्क में रहकर डकैती की योजना को अंतिम रूप दे रहे थे। उस समय साथियों की कमी की वजह से डकैती नहीं की गई थी। अब यह पता लगाया जा रहा है कि देशी पिस्टल और कारतूस उन्हें कहां से मिले, गिरोह का नेटवर्क कितना बड़ा है और क्या इससे पहले भी उन्होंने किसी वारदात को अंजाम दिया है। जब्त मोबाइल फोन की फारेंसिक जांच कर काल डिटेल, चैट और फोटो की पड़ताल की जा रही है।
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शहर में लगातार प्रोएक्टिव पुलिसिंग की जा रही है। इसी अभियान के तहत समय रहते सूचना मिलने पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए डकैती की साजिश को विफल किया। उन्होंने बताया कि आरोपितों ने पहले ज्वेलरी शोरूम की रेकी की थी और वारदात की पूरी योजना तैयार कर ली थी। पुलिस तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर फरार आरोपितों की तलाश कर रही है। इस मामले में हथियारों के स्रोत और गिरोह के अन्य सदस्यों की भूमिका की भी गहन जांच की जा रही है। - दीपमाला कश्यप, डीसीपी, नार्थ