छत्तीसगढ़ में ऑपरेशन लोटस की सुगबुगाहट, कृषि मंत्री नेताम बोले- कई विधायक संपर्क में
क्या बंगाल चुनाव नतीजों का असर छत्तीसगढ़ की राजनीति पर पड़ने वाला है। कृषि मंत्री और भाजपा नेता रामविचार नेताम के बयान से तो ऐसा ही लग रहा है। उन्होंन ...और पढ़ें
Publish Date: Sat, 02 May 2026 01:13:09 PM (IST)Updated Date: Sat, 02 May 2026 01:14:44 PM (IST)
सचिन पायलट और रामविचार नेताम। नईदुनियाHighLights
- कांग्रेस ने दावे पर उठाए सवाल, कहा मुद्दों से भटकाने की कोशिश
- छत्तीसगढ़ विधानसभा में हैं 90 सदस्य
- भाजपा के 55 और कांग्रेस के हैं 34 विधायक
राज्य ब्यूरो, नईदुनिया, रायपुर: सूबे में दलबदल को लेकर हो रही बयानबाजी ने सियासी तापमान बढ़ा दिया है। राज्य के कृषि मंत्री रामविचार नेताम के दावे ने कांग्रेस खेमे में हलचल पैदा कर दी है। नेताम ने दावा किया है कि कांग्रेस के कई विधायक भाजपा के संपर्क में हैं और वे बंगाल चुनाव के नतीजों के बाद पाला बदल सकते हैं। नेताम का ये बयान इसलिए मायने में हैं क्योंकि कुछ दिन पहले ही आम आदमी पार्टी के कई सांसदों ने भाजपा का दामन थामा है। वर्तमान में राज्य की 90 सदस्यीय विधानसभा में भाजपा के पास 55, कांग्रेस के पास 34 और गोंडवाना गणतंत्र पार्टी के पास एक सीट है।
मंत्री का दावा: कतार में हैं कांग्रेसी दिग्गज
कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने कहा कि छत्तीसगढ़ कांग्रेस के कई विधायक और वरिष्ठ नेता अपना राजनीतिक भविष्य खतरे में देख रहे हैं। उन्होंने कहा कि कई सीनियर कांग्रेसी भाजपा में शामिल होने के लिए कतार में हैं। यही कारण है कि कांग्रेस आलाकमान घबराहट में बार-बार बड़े नेताओं को छत्तीसगढ़ भेज रहा है। हालांकि, मंत्री ने किसी भी विधायक के नाम सार्वजनिक नहीं किया है।
सचिन पायलट का पलटवार: मुद्दों से भटकाने की कोशिश
मंत्री के इस दावे पर पलटवार करते हुए प्रदेश कांग्रेस प्रभारी सचिन पायलट ने इसे कोरी बयानबाजी करार दिया। रायपुर पहुंचे पायलट ने कहा कि भाजपा ऐसे बयान सिर्फ राज्य के असल मुद्दों जैसे जमीन अधिग्रहण और जंगलों की कटाई से जनता का ध्यान भटकाने के लिए दे रही है। उन्होंने राजीव भवन में विधायकों और संगठन पदाधिकारियों के साथ बैठक कर सरकार के प्रदर्शन पर चर्चा की।
कांग्रेस का तीखा हमला- भाजपा में ही है गुटबाजी
कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने पलटवार करते हुए कहा कि रामविचार नेताम खुद कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं के संपर्क में हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा के भीतर भारी गुटबाजी है क्योंकि एक कनिष्ठ नेता को मुख्यमंत्री बना दिया गया है। शुक्ला ने तंज कसा कि अगर हमने इशारा कर दिया, तो नेताम अपने समर्थकों के साथ मिलकर भाजपा सरकार ही गिरा देंगे।