
नईदुनिया प्रतिनिधि, अशोकनगर। किसानों को गुणवत्तापूर्ण उर्वरक उपलब्ध कराने और खाद की कालाबाजारी पर प्रभावी रोक लगाने के लिए राज्य सरकार ने सूचना दाता प्रोत्साहन योजना लागू की है।
योजना के तहत खाद की कालाबाजारी, अवैध भंडारण, नकली या मिलावटी उर्वरकों के निर्माण और बिक्री की सूचना देने वाले व्यक्ति को 1000 रुपये की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।
उप संचालक कृषि अमित भदौरिया ने बताया कि योजना का उद्देश्य कृषि क्षेत्र में पारदर्शिता बढ़ाना और किसानों को राहत प्रदान करना है। इसके तहत बिना लाइसेंस उर्वरक विक्रय या निर्माण, निर्धारित सीमा से अधिक भंडारण, तय मूल्य से अधिक कीमत पर बिक्री, नकली खाद का निर्माण तथा सरकारी अनुदान वाले उर्वरकों के औद्योगिक उपयोग जैसी गतिविधियों पर निगरानी रखी जाएगी।
कृषि विभाग के अनुसार सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी। कोई भी किसान या नागरिक सीएम किसान हेल्पलाइन 155253 पर कॉल कर शिकायत दर्ज करा सकता है। यदि जांच में सूचना सही पाई जाती है और अवैध गतिविधि प्रमाणित होती है, तो प्रोत्साहन राशि सीधे सूचनादाता के बैंक खाते में भेजी जाएगी।
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यह विशेष अभियान 30 सितंबर तक पूरे मध्य प्रदेश में लागू रहेगा। कृषि विभाग ने नागरिकों और किसानों से अपील की है कि वे खाद की कालाबाजारी रोकने में सक्रिय भूमिका निभाएं और संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी प्रशासन को दें।