बंसल वन से डीबी मॉल तक ताबड़तोड़ छापे, एक्सपायरी कोल्ड्रिंक और वेज-नॉनवेज सामान साथ मिला, 40 केस दर्ज
म्युनिसिपल कोर्ट का छापा, बंसल वन के रेस्टोरेंट-बार में एक्सपायरी कोल्ड्रिंक्स, वेज-नानवेज एक साथ फ्रिज में मिला
Publish Date: Fri, 21 Aug 2026 10:05:34 PM (IST)Updated Date: Fri, 21 Aug 2026 10:05:34 PM (IST)
बंसल वन से डीबी मॉल तक ताबड़तोड़ छापे। (फाइल फोटो)HighLights
- बंसल वन, डीबी मॉल समेत कई प्रतिष्ठानों पर छापे।
- एक्सपायरी कोल्ड्रिंक्स और खाद्य सामग्री जांच में मिली।
- वेज-नॉनवेज सामान एक ही डीप-फ्रीजर में मिला।
नईदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल। राजधानी के पॉश इलाकों में स्थित बड़े रेस्टोरेंट और पब-बार में लोगों की सेहत के साथ खुलेआम खिलवाड़ हो रहा है। शुक्रवार को भोपाल नगर निगम की म्युनिसिपल कोर्ट ने बंसल वन, डीबी मॉल और नर्मदापुरम रोड समेत कई प्रमुख ठिकानों पर ताबड़तोड़ छापेमार कार्रवाई की।
विशेष म्युनिसिपल मजिस्ट्रेट (प्रथम श्रेणी) तरुणेंद्र प्रताप सिंह के नेतृत्व में चली इस कार्रवाई के दौरान रात 8 बजे तक खाद्य सुरक्षा नियमों के उल्लंघन के करीब 40 प्रकरण दर्ज किए गए। अचानक हुई इस कार्रवाई से पूरे शहर के खान-पान कारोबारियों में हड़कंप मच गया।
एक्सपायरी सामान पर ऑन-द-स्पॉट जुर्माना
- जांच दल दोपहर करीब 1:30 बजे बंसल वन पहुंचा, जहां फर्जी कैफे, रोमियो लेन, फ्लाइंग सोसर, रास्ता, माय बार, आयबरी, कव्वाली और संकल्प जैसे चर्चित रेस्टोरेंट व बार की सघन जांच की गई। मजिस्ट्रेट तरुणेंद्र प्रताप सिंह ने खुद इन प्रतिष्ठानों के किचन और स्टोरेज में जाकर व्यवस्थाएं देखीं।
- जांच के दौरान कई जगह एक्सपायर हो चुके कोल्ड्रिंक्स सर्व किए जाने की बात सामने आई। इतना ही नहीं नियमों की अनदेखी करते हुए डीप-फ्रीज में वेज और नानवेज खाद्य सामग्री को एक साथ रखा पाया गया। कई जगह गंदगी मिलने पर स्टाफ को फटकार और मौके पर ही जुर्माना लगाया।
30 से ज्यादा गाड़ियों के काफिले के साथ पहुंची थी टीम
- नगर निगम के उपायुक्त हीरेन्द्र सिंह कुशवाह ने बताया कि खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम-2006 तथा नगर पालिक निगम अधिनियम के प्राविधानों के तहत यह सघन जांच अभियान चलाया गया।
- निगम की स्वास्थ्य शाखा, अतिक्रमण निरोधक दस्ता और वेटनरी विंग के कर्मचारियों से लैस 30 से अधिक गाड़ियों का काफिला जब बंसल वन पहुंचा, तो वहां अफरा-तफरी का माहौल बन गया। टीम ने गुणवत्ता जांच के लिए संदिग्ध भोजन और कोल्ड्रिंक्स के नमूने भी सील किए हैं।
आठ महीने बाद सक्रिय हुआ चलित न्यायालय
- शहर में शुद्ध खान-पान सुनिश्चित करने के लिए चलित न्यायालय लंबे समय बाद सड़क पर उतरा है। करीब आठ महीने पहले एमपी नगर में इसी तरह बड़ा अभियान चलाया गया था। इसके बाद हाल ही में बुधवार को आइएसबीटी परिसर में कार्रवाई कर 24 प्रकरण बनाए गए थे।
- निगम अधिकारियों का कहना है कि शहरवासियों के स्वास्थ्य से समझौता करने वाले रेस्टोरेंट और ढाबों के खिलाफ यह औचक निरीक्षण और दंडात्मक कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी।