छिंदवाड़ा में जनसुनवाई के दौरान सीएम मोहन यादव ने 3 अधिकारियों को सस्पेंड किया, दो अधिकारियों का एक-एक इंक्रीमेंट रोकने का भी आदेश
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने शुक्रवार को छिंदवाड़ा में 'मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान' शुरू किया और कलेक्टर ऑफिस में लोगों की शिकायतें सुनत...और पढ़ें
Publish Date: Fri, 07 Aug 2026 08:27:44 PM (IST)Updated Date: Fri, 07 Aug 2026 08:36:44 PM (IST)
HighLights
- मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, तहसीलदार और पटवारी भी नपे
- सब-डिविजनल मजिस्ट्रेट और पटवारी को कारण बताओ नोटिस जारी
- हर शुक्रवार को 'जनता दरबार' या जनसुनवाई आयोजित की जाएगी
नईदुनिया, प्रतिनिधित, छिंदवाड़ा। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने शुक्रवार को छिंदवाड़ा में 'मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान' शुरू किया और कलेक्टर ऑफिस में लोगों की शिकायतें सुनते हुए तीन अधिकारियों को सस्पेंड कर दिया।
जन विश्वास अभियान के तहत, जन प्रतिनिधि अपने निर्वाचन क्षेत्रों में लोगों से बातचीत करेंगे। उल्लेखनीय है कि छिंदवाड़ा कांग्रेस के वरिष्ठ नेता कमलनाथ का पूर्व लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र रहा है।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, तहसीलदार और पटवारी भी नपे
जनसुनवाई के दौरान, ड्यूटी में लापरवाही के आरोप में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नरेश गुन्नाडे, स्थानीय तहसीलदार और पटवारी (ग्राम अधिकारी) को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया गया। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने जनपद पंचायत चौरई के सीईओ और श्रम अधिकारी का एक-एक इंक्रीमेंट रोकने का भी आदेश दिया।
इन अधिकारियों पर मनवती वर्मा नाम की महिला को सरकारी योजना के तहत पिछले चार वर्षों से अंतिम संस्कार के लिए सहायता और आर्थिक मदद न देने का आरोप था, जबकि महिला ने CM हेल्पलाइन पर शिकायत भी की थी।
SDM और पटवारी को कारण बताओ नोटिस जारी
एक अन्य मामले में गोविंद नायक के भूमि रिकॉर्ड को ठीक न करने के लिए चौरई के सब-डिविजनल मजिस्ट्रेट (SDM) और पटवारी को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए। भावना देहरिया नाम की एक महिला ने प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत सब्सिडी न मिलने की शिकायत की। यादव ने अधिकारियों को तुरंत कार्रवाई करने और नियमों के अनुसार योजना का लाभ देने का निर्देश दिया।
इससे पहले, मुख्यमंत्री ने छिंदवाड़ा कलेक्टर ऑफिस में पब्लिक सर्विस सेंटर का निरीक्षण किया, उद्यमियों, जन प्रतिनिधियों और नागरिकों से बातचीत की और उनके साथ क्षेत्र के विकास, औद्योगिक क्षमता और प्रगति पर चर्चा की।
हर शुक्रवार को 'जनता दरबार' या जनसुनवाई आयोजित की जाएगी
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि जिले से लेकर तहसील स्तर तक हर शुक्रवार को 'जनता दरबार' या जनसुनवाई आयोजित की जाएगी और ऐसी बैठकों में सभी मंत्री, विधायक, कलेक्टर और कमिश्नर मौजूद रहेंगे। उन्होंने कहा कि ऐसे दिनों में कोई आधिकारिक बैठक नहीं होगी।
सीएम यादव ने कहा कि मध्य प्रदेश ऐसा अभियान शुरू करने वाला पहला राज्य है। उन्होंने प्राकृतिक खेती, पशुपालन और ग्रामीण पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए अपनी सरकार की पहल, जैसे होमस्टे, का भी जिक्र किया, जिससे रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।