नईदुनिया न्यूज, मडियादो : मडियादो से 11 किनी दूर कल्कुआ गांव के पास देर शाम सड़क किनारे बाघ देखा गया। बाघ दिखने की सूचना के बाद वफ़रक्षेत्र प्रबंधन मौके पर पहुंच गया ओर बाघ सुरक्षा में जुट गया। वहीं सड़क किनारे बाघ होने की सूचना के बाद दहशत फैल गई।
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मडियादो के जंगलों में जानवर बड़ी संख्या में देखने मिलते हैं
इसके अलावा बाघ के कभी कभार पग चिन्ह मिलने की खबरें सामने आती रहती थी। वहीं शनिवार शाम सड़क किनारे बाघ की उपस्थिति ने स्पष्ट कर दिया कि मडियादो के जंगल बाघों से गुलजार हो चुके है।
अब बाघ की मौजूदगी भी जंगल की पहचान
मडियादो के जंगलों में तेंदुआ, भालू, हाइना, सोन कुत्ता सहित अन्य जंगली जानवर बड़ी संख्या में देखने मिलते है। अब बाघ की मौजूदगी भी जंगल की पहचान बन गई है।
अमला बाघ सुरक्षा में जुटा रहा
मौके पर वन विभाग से परिक्षेत्र अधिकारी जेपी मिश्रा, बीटगार्ड रामगोपाल अहिरवार, वीरेश खटीक, भूपेंद्र पटेल सहित अन्य अमला बाघ सुरक्षा में जुटा रहा। 2009 में जिस कारिडोर पर बाघ की उपस्थिति हुई थी उसी पर यह बाघ भी देखा जा रहा है। किशनगढ़ के नगदा जंगल से अमखुआं, पाटन, मनकपुरा तक के जंगल तक बाघ उपस्थिति के प्रमाण सामने आए है।
सड़क किनारे बाघ देखा गया है, ग्रामीण देर रात अकेले राह से न निकले, इसके अलावा स्थानीय क्षेत्रवासी भी जंगल में न जाए और सावधानी बरतें।
जेपी मिश्रा, परिक्षेत्र अधिकारी, वफरक्षेत्र मडियादो, टाइगर रिजर्व पन्ना
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