
नईदुनिया न्यूज, दमेाह। हटा ब्लाक के पिपरिया मिश्र गांव की गर्भवती महिला को समय पर 108 एंबुलेंस सेवा नहीं मिलने के आरोप और रास्ते में प्रसव के बाद नवजात की मौत के मामले में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन ने कार्रवाई की है। हटा और पटेरा की 108 एंबुलेंस के संपूर्ण माह के परिचालन व्यय में कुल चार लाख 43 हजार रुपये की कटौती की गई है।
पिपरिया मिश्र निवासी 22 वर्षीय रोशनी लोधी के पति टंडन सिंह लोधी अनुसार सोमवार रात से पत्नी को प्रसव पीड़ा हो रही थी। मंगलवार सुबह करीब 4.30 बजे 108 एंबुलेंस के लिए काॅल किया गया। काॅल सेंटर से करीब 25 मिनट में एंबुलेंस पहुंचने का आश्वासन मिला लेकिन इंतजार के बाद भी वाहन नहीं पहुंचा।
दोबारा संपर्क करने पर भी एंबुलेंस नहीं आई और तीसरी बार फोन करने पर फिलहाल वाहन उपलब्ध नहीं होने की जानकारी दी गई। इसके बाद स्वजन भटिया गांव से निजी वाहन लेकर हटा सिविल अस्पताल के लिए रवाना हुए।
स्वजनों के अनुसार लुहारी गांव के पास रास्ते में ही महिला की डिलीवरी हो गई। जन्म के करीब पांच मिनट बाद दूसरी संतान की मौत हो गई। सुबह करीब छह बजे हटा सिविल अस्पताल पहुंचने पर स्वजनों ने वहां दो एंबुलेंस खड़ी होने की बात कही।
मामले को लेकर राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन ने हटा की 108 एंबुलेंस क्रमांक सीजे 04 एनडब्ल्यू 2490 पर दो लाख 20 हजार रुपए तथा पटेरा की 108 एंबुलेंस क्रमांक सीजे 04 एनडब्ल्यू 2489 पर 2 लाख 23 हजार रुपए यानी कुल चार लाख 43 हजार रुपये के संपूर्ण माह के परिचालन व्यय में कटौती की है।
बताया गया कि दोनों वाहनों की स्थिति और घटना के समय उनके उपलब्ध नहीं होने को लेकर संबंधित एजेंसी से स्पष्टीकरण मांगा गया था। संतोषजनक जवाब नहीं मिलने के बाद यह कार्रवाई की गई।
108 एंबुलेंस सेवा को लेकर हुई इस कार्रवाई के बाद संबंधित विभाग और सेवा प्रदाता एजेंसी में हड़कंप की स्थिति है। कलेक्टर दमोह की सख्ती के चलते एंबुलेंस सेवा की कार्यप्रणाली पर निगरानी बढ़ाई जा रही है, इससे पहले जबेरा क्षेत्र में भी 108 एंबुलेंस सेवा को लेकर कार्रवाई की जा चुकी है।
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