दतिया से कांग्रेस के बर्खास्त MLA राजेंद्र भारती की निगाहें 26 मई की सुनवाई पर टिकीं, BJP उपचुनाव की तैयारियों में जुटी
दतिया के पूर्व विधायक राजेंद्र भारती की याचिका पर दिल्ली हाईकोर्ट ने सुनवाई के लिए 26 मई की तारीख तय की है। एफडी धोखाधड़ी मामले में उनकी विधायकी समाप् ...और पढ़ें
Publish Date: Fri, 08 May 2026 10:47:36 AM (IST)Updated Date: Fri, 08 May 2026 10:47:36 AM (IST)
दतिया से कांग्रेस के पूर्व विधायक राजेंद्र भारती के मामले की होगी सुनवाई। (फाइल फोटो)HighLights
- दिल्ली हाईकोर्ट ने सुनवाई के लिए 26 मई तारीख तय की।
- राजेंद्र भारती एफडी धोखाधड़ी मामले में दोषी ठहराए गए थे।
- तीन साल सजा मिलने के बाद विधायकी समाप्त हो गई थी।
नईदुनिया प्रतिनिधि, दतिया: दतिया से कांग्रेस के पूर्व विधायक राजेंद्र भारती की ओर से शीघ्र सुनवाई की अर्जी दिए जाने के बाद दिल्ली हाईकोर्ट ने उनके मामले में अब 26 मई की तारीख तय कर दी है। पहले इस मामले में सुनवाई के लिए 29 जुलाई की तारीख हाईकोर्ट ने निर्धारित की थी। 27 साल पुराने एफडी धोखाधड़ी मामले में तीन साल की सजा सुनाए जाने के बाद विधायकी गंवा चुके भारती इस मामले में स्टे के लिए हाईकोर्ट की शरण में है। अब सबकी निगाहें 26 मई को होने वाली सुनवाई पर लगी हैं।
इधर दतिया सीट रिक्त हो जाने के बाद से यहां विधानसभा उपचुनाव को लेकर भी राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गईं है। भाजपा खेमा तो पूरी तरह से उपचुनाव की तैयारी में जुट गया है। हर रोज नए आयोजन कर जनता के बीच नेता पहुंचने लगे हैं। हालांकि लगभग तीन वर्ष बाद नेताओं की यह सक्रियता जनता भी समझ रही है। इसके साथ ही भाजपा में समाज से जुड़े विभिन्न लोगों को शामिल करने का भी पुराना फार्मूला अपनाया जा रहा है। ताकि चुनावी माहौल तैयार हो सके।
एफडी धोखाधड़ी मामले में हुई सजा
- बता दें कि एफडी धोखाधड़ी के मामले में एक अप्रैल को दिल्ली की एमपीएमएलए कोर्ट द्वारा राजेंद्र भारती को न्यायिक हिरासत में तिहाड़ जेल भेजा गया था। इसके अगले ही दिन उन्हें कोर्ट ने फैसला सुनाते हुए तीन साल के कारावास और डेढ़ लाख रुपये के जुर्माने से दंडित किया।
- इस दौरान उन्हें जमानत देने के साथ याचिका के लिए 60 दिन का समय भी दिया गया। इसी सजा के चलते उनकी विधायकी समाप्त हो गई थी। इसके बाद राजेंद्र भारती ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की। जिस पर 15 अप्रैल की तिथि मुकर्रर की गई।
इस दिन भी सुनवाई न हो पाने पर कोर्ट ने 28 अप्रैल की तारीख निश्चित की थी। इस बार फिर से सुनवाई के लिए तारीख आगे बढ़ाते हुए 29 जुलाई निर्धारित की गई, जिसके बाद फिर मामले में यूटर्न आया और अब 26 मई की तारीख तय की गई है।