ग्वालियर: फोटो में एआई से लगा दिया 'टाइगर', जिससे पटरी पर दूर काम कर रहा दोस्त पास आ जाएं, तीन दिन हड़कंप
फोटो देखने में ऐसा बना जैसे पुल के नीचे से टाइगर निकल रहा हो। ...और पढ़ें
Publish Date: Sun, 24 May 2026 12:42:58 PM (IST)Updated Date: Sun, 24 May 2026 12:43:35 PM (IST)
रेलवे कर्मचारी द्वारा एआई से बनाया गया फोटो। सोशल मीडियाHighLights
- संदलपुर रेलवे ब्रिज के नीचे टाइगर घूमने की तस्वीर हुई थी वायरल
- रेलवे ठेकेदार के कर्मचारी विशाल ने की थी हरकत
- रेलवे ने वन विभाग को दी थी सूचना, तीन दिन चली सर्चिंग
नईदुनिया प्रतिनिधि,ग्वालियर। जंगल जैसी साइट पर पटरी पर लुब्रीकेशन का काम रहे युवक के दो साथी जब आगे की तरफ काम करने चले गए तो पास में बुलाने के चक्कर में कर्मचारी की हरकत ने तीन दिन पसीने छुड़ा दिए। 23 साल के कर्मचारी विशाल कुमार निवासी डबरा ने संदरपुर रेलवे पुल का 21 मई की सुबह 9 बजे फोटो खींचा और उसमें गूगल एआइ से टाइगर लगा दिया। फोटो देखने में ऐसा बना जैसे पुल के नीचे से टाइगर निकल रहा हो।
युवक ने दोस्त को डराने की थी हरकत
युवक ने अपने साथी कर्मचारी को डराने यह फोटो व्हाटसएप किया और साथी ने रेलवे के ग्रुप में डाल दिया। यहीं से हड़कंप मच गया और रेलवे के सेक्शन इंजीनियर ने वन विभाग को टाइगर की सूचना दे दी। तीन दिन सर्चिंग चली टाइगर मिला न फोटो भेजने वाले।
इसके बाद वन विभाग ने रेलवे के अधिकारियों से पूछा कि सबसे पहले फोटो किसने ग्रुप में डाला यहीं से कड़ी जुड़ी और विशाल का नंबर निकला जिसने दो दिन से मोबाइल बंद कर रखा था। पकड़ने पर उसने कबूला कि दोस्त लोग साइट पर पास में काम करें इसलिए हरकत की थी।
ग्वालियर से लेकर भोपाल तक मचा हड़कंप
बता दें कि वन विभाग ग्वालियर से लेकर भेापाल के वन अधिकारियों में हड़कंप था कि ग्वालियर में संदलपुर रेलवे पुल के पास टाइगर आ गया है। वहीं रेलवे के अधिकारी भी सकते में आए कि टाइगर मूवमेंट है तो रेलवे के पटरी पर लुब्रीकेशन का काम कैसे हो पाएगा। वन विभाग की टीम ने खूब सर्चिंग की गांव में पूछा और जानवरों की जानकारी भी ली कि कोई मिसिंग तो नहीं है। टाइगर का कोई सुराग नहीं लगा। जब रेलवे के सेक्शन इंजीनियर सुरेश कुमार से पूछा कि आपके रेलवे के ग्रुप में जिसने यह फोटो सबसे पहले डाली उसका नंबर चाहिए फिर पता चला कि वह संदलपुर पर काम करने वाला कर्मचारी है जो विशाल कुमार का साथी है विशाल ने ही उसे फोटो भेजी थी।
महंगी पड़ेगी हरकत: आइटी एक्ट के तहत होगी एफआईआर
डीएफओ मुकेश पटेल ने बताया कि विशाल कुमार डबरा में रहता है और मूल रूप से कुशीनगर का रहने वाला है। 22 साल के करीब उसकी उम्र है और 18 हजार रूपये वेतन मिलता है। वह रेलवे के लिए लुब्रीकेशन का काम करने वाली मैक हाक कंपनी के लिए काम करता है, यह पटरियों पर लुब्रीकेशन का काम कर रही है। पुलिस के आइटी सेल को पूरी जानकारी दे दी गई है और इस मामले में पुलिस मामला दर्ज करेगी जिससे आगे कोई इस तरह की हरकत कर पेनिक न कर सके।
डिलीट कर दिया टाइगर का फोटो
विशाल कुमार ने टाइगर का फोटो व अन्य वीडियो भी डिलीट कर दिए। वन अफसरों ने जब मोबाइल चेक किया तो उसके मोबाइल में टाइगर का फोटो नहीं मिला। विशाल ने बताया कि उसका भेजा फोटो सभी जगह फैल गया है वह डर गया था इसीलिए मोबाइल बंद कर दिया। विशाल के मोबाइल बंद करने के कारण ही वन विभाग को शक हुआ और पुलिस के जरिए इसे ट्रैक कराया।