ग्वालियर के पूर्व CMHO कागजों में बीमार, मंत्रीजी की आवभगत में चंगे
Gwalior News: हाल ही में कुछ दिनों पहले ग्वालियर आए प्रदेश के उप मुख्यमंत्री और स्वास्थ्य मंत्री डॉ. राजेंद्र शुक्ल के ग्वालियर आगमन के दौरान रेलवे स्...और पढ़ें
Publish Date: Thu, 06 Aug 2026 11:48:08 AM (IST)Updated Date: Thu, 06 Aug 2026 11:48:37 AM (IST)
पूर्व सीएमएचओ डॉ. सचिन श्रीवास्तव स्टेशन पर मौजूद और दूसरे चित्र में मंत्री की कार के पास मौजूद। वीडियो ग्रेबHighLights
- अस्पताल से छुट्टी पर चल रहे डॉक्टर रेलवे स्टेशन पर उप-मुख्यमंत्री के स्वागत में दिखे
- सीएमएचओ पद से हटने के बाद से ही मेडिकल लीव पर हैं डॉ. सचिन श्रीवास्तव
- जिला अस्पताल में बाल रोग विशेषज्ञ तौर पर देना हैं सेवाएं, डॉक्टरों की कमी भी है
नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। जिले के पूर्व सीएमएचओ डॉक्टर सचिन श्रीवास्तव की तबीयत ठीक नहीं है। ऐसी हालत पिछले एक महीने से है। सरकारी रिकार्ड में पूर्व सीएमएचओ का यही स्टेटस है लेकिन हकीकत तो कुछ और इशारा कर रही है।
रेलवे स्टेशन पर आए नजर
हाल ही में कुछ दिनों पहले ग्वालियर आए प्रदेश के उप मुख्यमंत्री और स्वास्थ्य मंत्री डॉ. राजेंद्र शुक्ल के ग्वालियर आगमन के दौरान रेलवे स्टेशन पर डॉ. सचिन इर्द गिर्द ही नजर आ रहे हैं। सामने आए एक वीडियो में यह पूरा मामला सामने आया है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी के पद से हटाए जाने के बाद जिला अस्पताल मुरार में अपने मूल पद पर पदस्थ किए गए बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. सचिन श्रीवास्तव उपस्थिति दर्ज कराने के बाद से स्वास्थ्य कारणों का हवाला देकर चिकित्सकीय अवकाश पर है।
उनके नियमित रूप से अस्पताल में सेवाएं नहीं देने से बच्चों का उपचार प्रभावित हो रहा है। अब मंत्रीजी आए तो डा. श्रीवास्तव अच्छे खासे मौजूद दिख रहे हैं ऐसे में यह कैसी तबीयत खराब है जिस पर अब सवाल खड़े हो रहे हैं।
पूर्व सीएमएचओ की कई हैं शिकायतें, गंभीर आरोप भी
बता दें कि पूर्व सीएमएचओ डॉक्टर सचिन श्रीवास्तव का कार्यकाल सबसे ज्यादा चर्चा में रहा है। इसके कारण शिकायतें व कई गंभीर आरोप हैं। एक के बाद एक शिकायतें सामने आने के बाद हड़कंप मचा और फिर ग्वालियर में सीएमएचओ बदल दिए गए। एक माह पहले यहां डॉक्टर एमएस सागर को सीएमएचओ के पद पर पदस्थ कर दिया गया। कुछ दिनों ही पहले उपमुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ला के ग्वालियर आगमन के दौरान डॉक्टर श्रीवास्तव की रेलवे स्टेशन पर मौजूदगी रही। उनकी मौजूदगी के फोटो और वीडियो सामने आने के बाद मामला चर्चा का विषय बन गया है।
स्वास्थ्य विभाग में चर्चा, जवाब का इंतजार
डॉक्टर श्रीवास्तव की सार्वजनिक उपस्थिति के बाद स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच भी तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। चिकित्सकीय अवकाश के दौरान किसी अधिकारी की सार्वजनिक गतिविधियों को लेकर स्वाभाविक रूप से सवाल खड़े होते हैं, खासकर तब जब वह सरकारी दायित्वों का निर्वहन नहीं कर रहा हो।
विभाग कर रहा पतारसी, इसलिए मांगा सर्टिफिकेट
डॉक्टर सचिन श्रीवास्तव के अवकाश पर जाने के बाद अब विभाग भी इसकी पतारसी कर रहा है कि डा. सचिन श्रीवास्तव कब आन डयूटी आएंगे। इसी कारण से सर्टिफिकेट की मांग की गई है। अब निगाहें स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों पर हैं कि वे इस मामले को किस तरह देखते हैं। यदि आवश्यक समझा गया तो डॉक्टर श्रीवास्तव के चिकित्सकीय अवकाश, स्वास्थ्य संबंधी दस्तावेजों और सार्वजनिक कार्यक्रम में उनकी मौजूदगी के तथ्यों की जांच कराई जा सकती है।
पूर्व सीएमएचओ ने नहीं उठाया मोबाइल: इस मामले में डॉक्टर सचिन श्रीवास्तव से उनका पक्ष जानने के लिए उनको मोबाइल पर संपर्क किया, लेकिन उन्होंने रिसीव नहीं किया।
इस मामले को लेकर पता कराया जा रहा है, डॉक्टर सचिन श्रीवास्तव अवकाश पर है। हमने उनको पत्र लिखा है कि वे अपना मेडिकल सर्टिफिकेट पेश करें। डॉ. सीमा जायसवाल, सिविल सर्जन, जिला अस्पताल।