
नईदुनिया प्रतिनिधि, मालवा-निमाड़। मध्य प्रदेश के मालवा-निमाड़ अंचल में पिछले दो दिनों से जारी तेज बारिश (MP Weather Update) ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। खरगोन जिले की गोगावां तहसील में पिछले 24 घंटे में करीब 200 मिमी और बुरहानपुर में 150 मिमी से ज्यादा बारिश दर्ज की गई। लगातार बारिश से नदी-नाले उफान पर हैं, जबकि कई जगह खेतों और सड़कों पर पानी भर गया है। किसानों ने फसलों को नुकसान की आशंका जताई है।
खंडवा जिले में शुक्रवार सुबह आठ बजे तक 24 घंटे में औसतन 74.4 मिमी बारिश दर्ज की गई। भाम राजगढ़ बांध का जलस्तर बढ़ने पर उसके पांच गेट खोलने पड़े। ग्राम छिरवेल में झिरन्या उद्वहन सिंचाई परियोजना के पाइप उखड़ गए। तेज हवा से इंदौर-ऐदलाबाद राष्ट्रीय राजमार्ग पर ढाबों और आदिवासी फालिया के मकानों के टिन शेड उड़ गए, जबकि बिजली के खंभे भी गिर गए।
बुरहानपुर में ऊपरी क्षेत्रों की बारिश और परसाडोह डैम से पानी छोड़े जाने के कारण ताप्ती नदी का जलस्तर शुक्रवार शाम खतरे के निशान 220.800 मीटर से बढ़कर 224.100 मीटर पहुंच गया। जैनाबाद पुल से करीब एक फीट नीचे पानी बह रहा था। प्रशासन ने नदी-नालों के किनारे रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।
खरगोन के भीकनगांव क्षेत्र में खेत तालाब जैसे नजर आए, जिससे मक्का, सोयाबीन, कपास और मिर्च की फसलें पानी में डूब गईं। ऊन थाना क्षेत्र के ग्राम गंधावड़ के पास तेज बहाव में बाइक सहित दो युवक बह गए। इनमें 19 वर्षीय विनय वास्कले लापता है, जबकि उसका साथी तैरकर सुरक्षित बाहर निकल आया। भगवानपुरा क्षेत्र में सिरवेल महादेव झरने के उफान के चलते सुरक्षा कारणों से महादेव दर्शन पर फिलहाल रोक लगा दी गई है।