
नईदुनिया प्रतिनिधि, मंदसौर। मंडी में आखिरकार 20 साल बाद पोस्ता दाना यानी खसखस की नीलामी शुरू हो ही गई। हालांकि पहले दिन कुछ अव्यवस्थाओं से किसान परेशान भी हुए। कुछ किसान उपज वापस लेकर चले गए। इधर, 61 किसानों का पोस्ता दाना नीलाम हुआ।
पहली बोली 1.21 लाख रुपये की लगी। पोस्ता दाना के दाम न्यूनतम 95 हजार रुपये से 1.56 लाख रुपये प्रति क्विंटल तक मिले। मंडी में 20 साल बार पोस्ता दाना की नीलामी की आवाज गूंजी।
लगभग 8 से 10 व्यापारी खरीदारी करने आए। मुहुर्त में नीलामी की पहली 1.21 लाख रुपये प्रति क्विंटल की लगी। इसके बाद क्वालिटी अनुसार बोली लगती रही। एक बार उच्चतम बोली 1.56 लाख रुपये प्रति क्विंटल तक भी लगी। आखिर में न्यूनतम 95 हजार रुपये से अधिकतम 1.56 लाख रुपये प्रति क्विंटल तक के दाम किसानों को मिले।
औसत दाम 1.25 लाख रुपये प्रति क्विंटल मिले। हालांकि किसानों का कहना है कि यह दाम नीमच व जावरा मंडी से कम मिले हैं। दिन भर में 61 किसानों ने अपने पोस्ता दाना बेचे। वहीं कई किसान फसल लेकर वापस चले गए। किसानों ने बताया कि मंदसौर मंडी में न्यूनतम 95 हजार रुपये क्विंटल तक की बोली लगी। यह जावरा व नीमच की मंडी से कम भाव है उचित भाव नहीं मिलने से कुछ किसान अपने पोस्ता दाना को वापस लेकर चले गए।
उनका कहना था कि मंदसौर मंडी में सही दाम नहीं मिल रहे हैं। यहां आकर परेशान अलग हुए है। किसानों की नाराजगी यह भी थी कि इतनी महंगी व नकद फसल होने के बाद भी मंडी प्रशासन ने नीलामी के लिए उचित और पर्याप्त जगह कि व्यवस्था ही नहीं की। छोटे से छपरे में व्यवस्था करने से किसानों को काफी पास-पास ढेर लगाना पड़े।
वहीं, व्यापारी व दूसरे किसान पोस्ता के ढेर पर ही पांव रखकर निकल रहे थे। इसके देखकर जिन किसानों के ढेर लगे थे वह खासे परेशान होते रहे। वहीं लगभग 10 से 12 किसान छपरे में जगह नहीं होने से बाहर ही खड़े रहे। फसल वापस भरकर ले जा रहे किसान बोले कि यहां आकर परेशान हुए हैं सही व्यवस्था भी नहीं की गई।
मंडी में 20 साल बाद पोस्तादाना की नीलामी शुरू हुई है। पहले दिन ही जगह कम पड़ गई है। अब जगह को बढ़ाकर किसानों के लिए अच्छी व्यवस्था कर रहे हैं। पहले दिन ही किसानों को ठीक से भाव मिले हैं। - लक्ष्मणसिंह ठाकुर, सचिव, कृषि उपज मंडी मंदसौर