दुष्कर्म मामले में डिप्टी कलेक्टर अरविंद माहौर का होगा डीएनए टेस्ट, 15 दिन से जेल में बंद
शुक्रवार को जिला जेल से उनकी कोर्ट पेशी वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से कराई गई। कोर्ट ने दो दिन पहले ही आरोपी का डीएनए टेस्ट कराने के सिविल लाइन पुल...और पढ़ें
Publish Date: Sat, 20 Jun 2026 07:47:43 AM (IST)Updated Date: Sat, 20 Jun 2026 07:47:43 AM (IST)
शुक्रवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से हुई पेशी के दौरान अरविंद माहौर को जिला अदालत से राहत नहीं मिली।HighLights
- पुलिस के आवेदन पर न्यायालय ने डिप्टी कलेक्टर अरविंद माहौर का डीएनए परीक्षण कराने की अनुमति दी
- 3 जून को दर्ज एफआईआर के बाद गिरफ्तार किए गए माहौर 4 जून से न्यायिक अभिरक्षा में जिला जेल में बंद हैं
- जिला अदालत से राहत नहीं मिलने के बाद अब आरोपी की जमानत याचिका उच्च न्यायालय में विचाराधीन है
नईदुनिया प्रतिनिधि, मुरैना। दुष्कर्म के आरोप में पिछले 15 दिनों से जिला जेल में बंद डिप्टी कलेक्टर अरविंद माहौर की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। जिला न्यायालय ने पुलिस के आवेदन पर उनके डीएनए टेस्ट की अनुमति दे दी है।
वहीं, शुक्रवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से हुई पेशी के दौरान उन्हें जिला अदालत से राहत नहीं मिली। अब उनकी जमानत याचिका उच्च न्यायालय में पहुंच गई है।
शादी का झांसा देकर शोषण का आरोप
जानकारी के अनुसार, सबलगढ़ निवासी एक युवती, जो वर्तमान में मुरैना में रह रही है, ने 3 जून की रात सिविल लाइन थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया कि डिप्टी कलेक्टर अरविंद माहौर ने शादी का झांसा देकर लंबे समय तक उसका शारीरिक शोषण किया।
युवती ने अपने आरोपों के समर्थन में पुलिस को व्हाट्सएप चैट और कुछ वीडियो भी उपलब्ध कराए थे। प्रारंभिक जांच के बाद पुलिस ने उसी रात कमिश्नर कॉलोनी स्थित सरकारी आवास से डिप्टी कलेक्टर माहौर को गिरफ्तार कर लिया था।
कोर्ट की मंजूरी के बाद होगा डीएनए परीक्षण
सिविल लाइन थाना पुलिस ने मामले की वैज्ञानिक जांच के लिए आरोपी के डीएनए परीक्षण की अनुमति मांगी थी, जिसे न्यायालय ने स्वीकार कर लिया है। पुलिस अब जल्द ही निर्धारित प्रक्रिया के तहत डीएनए सैंपल एकत्र कर परीक्षण कराएगी।
चार जून से न्यायिक अभिरक्षा में
गिरफ्तारी के बाद 4 जून को डिप्टी कलेक्टर अरविंद माहौर को जिला न्यायालय में पेश किया गया था, जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया था। तब से वे जिला जेल में बंद हैं।