
नईदुनिया प्रतिनिधि, शहडोल। रेलवे में बिना टिकट यात्रा करने वालों पर अब सख्ती बढ़ेगी। जन विश्वास (संशोधन) अधिनियम के तहत रेलवे एक्ट संशोधन किया गया है। अब बिना टिकट या गलत टिकट पर यात्रा करने पर लगने वाला न्यूनतम जुर्माना 250 रुपये से बढ़ाकर 500 रुपये कर दिया गया है।
हाल ही में रेलवे बोर्ड के 18 जून के पत्र और एसईसीआर मुख्यालय के 19 जून के आदेश के अनुसार कई बदलाव होंगे। अगर कोई व्यक्ति धोखे से बिना टिकट यात्रा करता है या इस्तेमाल किया हुआ टिकट प्रयोग करता है,तो उसे यात्रा का पूरा किराया और उसके बराबर अतिरिक्त शुल्क देना होगा। यह अतिरिक्त शुल्क न्यूनतम 500 रुपये या केंद्र सरकार द्वारा तय राशि होगी। पहले यह न्यूनतम 250 रुपये था।
गलत टिकट में भी न्यूनतम जुर्माना 250 रुपये से बढ़ाकर 500 रुपये कर दिया गया है किसी और के नाम से बुक टिकट पर यात्रा करने पर टिकट जब्त होगा और टिकट पर लिखे किराए के बराबर अतिरिक्त शुल्क देना होगा।
यह भी न्यूनतम 500 रुपये होगा। ट्रेन या स्टेशन पर बिना लाइसेंस सामान बेचने या भीख मांगने पर 2000 रुपये जुर्माना लगेगा। जुर्माना न देने पर तीन महीने तक जेल या 5000 रुपये तक जुर्माना होगा।
रेलवे बोर्ड जल्द अलग से नोटिफिकेशन जारी करेगा। नोटिफिकेशन की तारीख से ही नए नियम लागू होंगे। अगर यात्री जुर्माना और किराया देने से मना करता है, तो रेलवे कर्मचारी कोर्ट में वसूली के लिए आवेदन कर सकता है। कोर्ट भुगतान न करने पर 6 महीने तक जेल या 500 रुपये जुर्माना, या दोनों की सजा दे सकता है। दूसरे के टिकट पर यात्रा के मामले में जुर्माना 2000 रुपये तक हो सकता है।
स्थानीय अधिकारियों ने बताया कि रेलवे के विलासपुर जोन में यह पत्र आया है,जिसको लेकर निर्देश आएं हैं।अभी सिर्फ सूचना जारी हुई है। यात्रियों पर नया जुर्माना तभी लगेगा जब रेलवे बोर्ड फाइनल नोटिफिकेशन जारी करेगा।