
डिजिटल डेस्क। पाकिस्तान की राजनीति में एक बार फिर बड़ा भूचाल आ गया है। एक वरिष्ठ और एमी-नॉमिनेटेड पाकिस्तानी पत्रकार वजाहखान ने सनसनीखेज दावा करते हुएत सईद कहा है कि पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की मौत हो चुकी है या जेल में उनकी जान को गंभीर खतरा है।
पत्रकार के अनुसार, सेना के तीन बड़े सूत्रों ने उन्हें बताया है कि इमरान की जेल में मौत हो सकती है। यह दावा ऐसे वक्त में सामने आया है, जब पीटीआई (PTI) नेताओं और इमरान के परिवार को लंबे समय से उनसे मिलने की अनुमति नहीं दी जा रही है।
इमरान खान की सुरक्षा और सेहत को लेकर उनके समर्थकों में भारी आक्रोश है। खैबर पख्तूनख्वा के मुख्यमंत्री व पीटीआई के दिग्गज नेता सोहेल अफरीदी ने चेतावनी दी है कि करीब 20 लाख लोग सड़कों पर उतरने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। उन्होंने साफ कहा है कि अगर हालात बिगड़े, तो पाकिस्तान के युवाओं के इस भारी गुस्से को सीडीएफ फील्ड मार्शल आसिम मुनीर के नेतृत्व वाले 'हाइब्रिड शासन' के लिए संभालना नामुमकिन हो जाएगा।
पूर्व पीएम से मुलाकात न होने पर पीटीआई ने 27 सितंबर को राजधानी इस्लामाबाद तक एक विशाल 'लॉन्ग मार्च' निकालने की घोषणा की है। पार्टी ने सरकार को अल्टीमेटम दिया है कि अगर जल्द ही इमरान खान के परिवार और उनके डॉक्टरों को उनसे मिलने की इजाजत नहीं मिली, तो यह उग्र विरोध प्रदर्शन तय तारीख से पहले भी शुरू किया जा सकता है।
इमरान खान के मुद्दे पर पाकिस्तानी हुक्मरानों पर देश के बाहर से भी खासा दबाव है। अमेरिकी सांसदों के एक द्विदलीय समूह ने अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो को पत्र लिखा है। इस पत्र में उन्होंने मांग की है कि इमरान खान और उनकी पत्नी बुशरा बीबी की जेल में मौजूदा स्थिति का मुद्दा सीधे इस्लामाबाद के सामने उठाया जाए। सांसदों ने संयुक्त राष्ट्र (UN) के स्पेशल रैपोर्टियर की उन चिंताओं का भी जिक्र किया है, जिनमें इमरान को लंबे समय तक एकांतवास (Solitary Confinement) में रखने को लेकर सवाल खड़े किए गए थे।
पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान 5 अगस्त 2023 से जेल की सजा काट रहे हैं।
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