
डिजिटल डेस्क। ईरान के दक्षिण-पूर्वी सिस्तान और बलूचिस्तान प्रांत में पाकिस्तान की सीमा के पास स्थित चाबहार मुक्त व्यापार क्षेत्र के आसपास अमेरिकी लड़ाकू विमानों ने हमला (Chabahar Attack) किया है। अमेरिकी प्रसारक वॉयस ऑफ अमेरिका की फारसी सेवा के अनुसार, यह हमला चाबहार मुक्त व्यापार क्षेत्र के पास एक पहाड़ पर बने सैन्य ठिकानों को निशाना बनाकर किया गया।
रिपोर्ट के मुताबिक, इस क्षेत्र के पीछे के इलाकों में जोरदार धमाकों की आवाजें सुनी गईं, जिससे पूरे इलाके में तनाव का माहौल बन गया है।
माना जा रहा है कि अमेरिका का यह हमला ईरान द्वारा किए गए हमलों और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज की नाकाबंदी के जवाब में किया गया है। ईरान और अमेरिका के बीच जारी युद्ध का यह 17वां दिन है और अब तक हालात शांत होते नजर नहीं आ रहे हैं।
चाबहार मुक्त व्यापार क्षेत्र की स्थापना वर्ष 1992 में दक्षिण-पूर्वी ईरान के सिस्तान और बलूचिस्तान प्रांत में की गई थी। यह इलाका पाकिस्तान की सीमा से सटा हुआ है।
यह क्षेत्र ओमान की खाड़ी के किनारे स्थित है, जिससे ईरान को हिंद महासागर तक पहुंचने के लिए स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के रास्ते पर निर्भर नहीं रहना पड़ता। इसी वजह से यह बंदरगाह क्षेत्रीय व्यापार और रणनीतिक दृष्टि से काफी अहम माना जाता है।
भारत ने चाबहार मुक्त व्यापार क्षेत्र में उद्योग स्थापित करने के लिए अरबों डॉलर का निवेश किया है। इन परियोजनाओं में एल्युमिनियम स्मेल्टर और यूरिया संयंत्र जैसे कई बड़े उद्योग शामिल हैं।
‘चाबहार’ का अर्थ ‘चार झरने’ होता है। यह बंदरगाह क्षेत्रीय बुनियादी ढांचे के विकास का एक प्रमुख केंद्र बन चुका है। इसके जरिए भारत को अफगानिस्तान, मध्य एशिया और यूरोप तक आसान पहुंच मिलती है।
भारत ने वर्ष 2024 में ईरान के साथ 10 साल का एक महत्वपूर्ण कॉन्ट्रैक्ट किया था। इसके तहत सरकारी कंपनी इंडिया पोर्ट्स ग्लोबल लिमिटेड (IPGL) ने चाबहार में 370 मिलियन डॉलर के निवेश का वादा किया है। यह समझौता इस बात को दर्शाता है कि नई दिल्ली की चाबहार बंदरगाह को लेकर योजनाएं दीर्घकालिक हैं।
भारत का लक्ष्य 2030 तक अपनी अर्थव्यवस्था को 10 ट्रिलियन डॉलर और 2034 तक 15 ट्रिलियन डॉलर तक पहुंचाने का है। इसके लिए मजबूत व्यापार मार्ग और विदेशी निवेश जरूरी हैं।
ऐसे में चाबहार बंदरगाह भारत की भू-राजनीतिक और आर्थिक रणनीति का एक महत्वपूर्ण आधार माना जाता है, खासकर बदलते वैश्विक भू-रणनीतिक माहौल में।